मनीषा कोइराला ने साल 2002 में फिल्म ‘एक छोटी सी लव स्टोरी’ में काम किया था, जिसमें उनके ऑपोजिट 14 साल के आदित्य सील थे। लेकिन इस फिल्म में कुछ अंतरंग सीन्स थे, जिन्हें मनीषा कोइराला की बॉडी डबल के साथ शूट किया गया था। यह देख मनीषा कोइराला भड़क गई थीं। उस वक्त यह किसी मेनस्ट्रीम एक्ट्रेस की पहली अडल्ट फिल्म थी, जिस पर बवाल भी काफी मचा था। मनीषा ने मेकर्स को कोर्ट में भी घसीटा था और इस फिल्म की रिलीज पर रोक लगाने के लिए कुछ राजनीतिक हस्तियों की भी मदद ली थी। मनीषा कोइराला ने फिल्म के डायरेक्टर शशिलाल के नायर पर फिल्म में आपत्तिजनक सीन्स का इस्तेमाल करने का आरोप लगाया था। अब डायरेक्टर ने इस फिल्म के साथ-साथ मनीषा कोइराला की पोल खोली है।
‘मनीषा कई महीने बाद भी वजन नहीं घटा पाईं, उन्हें देख निराश था’
शशिलाल ने आगे बताया, ‘मनीषा ने कहा कि मैं जिम जाकर वर्कआउट करके वजन घटा सकती हूं। जब वो इतनी बात कर रही थी और ये तक कहा कि मैं कोई पैसे नहीं लूंगी तो आप कन्विंस हो जाते हैं। मैंने मनीषा को कुछ महीनों का वक्त दिया, लेकिन वह वजन नहीं घटा पाईं। वह शूट के पहले दिन सेट पर आईं और उन्हें देखकर मैं निराश हो गया। वो इतनी ओवरवेट हैं तो फिर हम फिल्म कैसे बनाएंगे?’
डायरेक्टर ने मनीषा कोइराला से की बात, बताया कैसे होंगे सीन्स
शशिलाल के नायर ने फिर कहा, ‘मैंने उनसे (मनीषा कोइराला) से इस बारे में चर्चा की। यह एक ऐसी थी, जिसमें एक लड़का एक लड़की का पीछा करता है। वह उसे दूरबीन से देखता है। अब किसी को ऐसा करने के लिए, लड़की का लुक उस तरह का होना चाहिए। वह यह भूमिका कैसे निभा सकती हैं? फिल्म में ऐसे सीन्स की जरूरत थी, जिनमें वह कपड़े बदलती और ऐसी चीजें करती दिखें।’
क्लोज-अप शॉट्स मनीषा के और दूर वाले डुप्लिकेट के
‘लंच ब्रेक के दौरान हमारी लंबी मुलाकात हुई। हमने फैसला किया कि क्लोज-अप शॉट्स के लिए हम मनीषा के शॉट्स का उपयोग कर सकते हैं और लंबे शॉट के लिए हम डुप्लिकेट का उपयोग कर सकते हैं क्योंकि मैं उन्हें चोट नहीं पहुंचाना चाहता था। मैं उनसे नहीं कहना चाहता था कि वह वापस चली जाएं। मनीषा ने बहुत मदद की और सहयोग किया। वह और उनकी डुप्लिकेट एक जैसी कॉस्ट्यूम में थीं।’
शशिलाल ने कहा था- मैं और मनीषा कभी दोस्त नहीं बन सकते
वहीं इससे पहले शशिलाल ने ‘टाइम्स नाऊ’ को दिए इंटरव्यू में कहा था, ‘मुझे उनके इस तरह का हंगामा करने का एकमात्र कारण यही दिखता है कि वह राजनीति में आना चाहती है। यह एकमात्र तरीका है, जिससे मैं इस पागलपन को समझ सकता हूँ। मैं ऐसी खराब स्थिति कभी नहीं चाहता था। मनीषा परिवार की तरह हैं। मैं तो न्यूकमर्स के साथ फिल्म बनाना चाहता था। मेरी जिंदगी उथल-पुथल हो गई है। 15 साल पीछे की यादें बर्बाद हो गई हैं। मनीषा और मैं फिर कभी दोस्त नहीं बन सकते। हालांकि मैं चाहता हूं कि हम दोस्त बन सकें।’
Author: kesarianews
शैलेन्द्र मिश्रा वरिष्ठ पत्रकार एवं फाउंडर – केसरिया न्यूज़। राजनीति, प्रशासन और जनहित से जुड़े मुद्दों पर तथ्यपरक, निर्भीक और ज़मीनी रिपोर्टिंग के लिए जाने जाते हैं।
